यात्रा रूट पर तैनात रहेंगी 177 एम्बुलेंस, हेली एम्बुलेंस भी रहेगी मुस्तैद
देहरादून। सूबे में संचालित चार धाम यात्रा को लेकर राज्य सरकार ने इस बार विशेष प्रबंध किये हैं। इस बार यात्रा पर आने वाले प्रत्येक तीर्थयात्रियों के स्वास्थ्य की ‘ई-स्वास्थ्य धाम’ पोर्टल पर रीयल-टाइम मॉनिटरिंग की जायेगी। आपातकालीन स्थिति से निपटने के लिये 177 एम्बुलेंस का बेड़ा यात्रा रूट पर तैनात रहेगा, साथ ही हेली व वोट एम्बुलेंस भी यात्राकाल के दौरान मुस्तैद रहेगी। इसके अलावा यात्रा मार्गो, मुख्य पड़ावों और चारों धामों की स्थाई एवं अस्थाई चिकित्सा इकाईयों में अनुभवी चिकित्सक व पैरामेडिकल स्टॉफ भी तैनात रहेगा।
सूबे के चिकित्सा स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने बताया कि स्वस्थ एवं सुरक्षित चार धाम यात्रा के लिये राज्य सरकार द्वारा विशेष प्रयास किये जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि चार धाम यात्रा पर आने वाले प्रत्येक तीर्थयात्रियों के स्वास्थ्य का ख्याल रखा जायेगा इसके लिये यात्रा मार्गो, मुख्य पड़ावों और चारों धामों की स्थाई एवं अस्थाई चिकित्सा इकाईयों में सभी व्यवस्थाएं चाक-चैबंद की जायेगी। इसके लिये विभागीय अधिकारियों को निर्देश दे दिये गये हैं। डॉ. रावत ने बताया कि इस बार यात्रा पर आने वाले प्रत्येक तीर्थयात्री के स्वास्थ्य की ‘ई-स्वास्थ्य धाम’ पोर्टल पर रीयल-टाइम मॉनिटरिंग की जायेगी, ताकि श्रद्धालुओं को त्वरित स्वास्थ्य सुविधाएं मुहैया किया जा सके। उन्होंने कहा कि यात्रा काल के दौरान कुल 177 एम्बुलेंस तैनात की जायेगी। जिसमें 108 आपातकालीन सेवा, एडवांस लाइफ सपोर्ट एम्बुलेंस के साथ ही कार्डिक एम्बुलेंस सेवा शामिल है। इसके अलावा टिहरी में एक वोट एम्बुलेंस तथा एक हेली एम्बुलेंस भी क्रियाशील रहेगी जिसका संचालन एम्स ऋषिकेश के माध्यम से किया जायेगा। डॉ. रावत ने कहा कि यात्रा मार्गों पर एम्बुलेंस का न्यूनतम रिस्पांस टाइम रहेगा, जिससे तीर्थयात्रियों को समय पर चिकित्सा सुविधा मिल सके। उन्होंने बताया कि यात्रा मार्गों पर 25 मेडिकल रिलीफ पोस्ट तथा 33 हेल्थ स्क्रीनिंग प्वाइंट बनाये गये हैं। इन केन्द्रों पर श्रद्धालुओं को उच्च पर्वतीय क्षेत्रों में होने वाली स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं की जांच की जायेगी और उन्हें उचित उपचार भी दिया जायेगा। डॉ. रावत ने बताया कि यात्रा के दौरान बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के लिये विशेषज्ञ चिकित्सकों, चिकित्सकों, फार्मासिस्टों व पैरामेडिकल स्टॉफ की रोटेशन के आधार पर तैनाती की जायेगी। जिसमें 16 विशेषज्ञ चिकित्सक, 46 मेडिकल ऑफिसर व 85 पैरामेडिकल स्टॉफ 15 दिन के रोस्टर के आधार तैनात किये जायेंगे। इसके अलावा 100 स्वास्थ्य मित्रों की भी यात्रा मार्गों पर तैनाती की जायेगी।
